Monday, October 26, 2026 1 live visitors
satyakeeparakh.com सत्य की परखसत्य की परख
सोमवार, 26 अक्टूबर 2026
Shreshth International School - header banner
विज्ञापन
Shreshth International School - header banner
मिशन शक्ति अभियान नारी सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण: योगी आदित्यनाथ

मिशन शक्ति अभियान नारी सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण: योगी आदित्यनाथ

*लखनऊ।* मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को पूर्व विधायक स्वर्गीय डी.पी. बोरा की 85वीं जयंती के अवसर पर मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत मातृशक्ति वंदन और 15 सेवा शक्ति केंद्रों (सिलाई प्रशिक्षण केंद्र) का शुभारंभ किया। इसी दौरान उन्होंने स्व. डी.पी. बोरा की प्रतिमा का वर्चुअल अनावरण किया और

s
satyakee parakh 8 अक्टूबर 2025, 13:11 IST
4 मिनट पढ़ें
मिशन शक्ति अभियान नारी सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण: योगी आदित्यनाथ

*लखनऊ।* मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को पूर्व विधायक स्वर्गीय डी.पी. बोरा की 85वीं जयंती के अवसर पर मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत मातृशक्ति वंदन और 15 सेवा शक्ति केंद्रों (सिलाई प्रशिक्षण केंद्र) का शुभारंभ किया। इसी दौरान उन्होंने स्व. डी.पी. बोरा की प्रतिमा का वर्चुअल अनावरण किया और समाज के विभिन्न क्षेत्रों में विशिष्ट योगदान देने वाली मातृशक्तियों का सम्मान भी किया। सीएम योगी ने नारी सशक्तीकरण और सामाजिक समरसता पर जोर देते हुए स्वर्गीय डी.पी. बोरा के संघर्षों और समाज सेवा के प्रति उनके समर्पण को याद किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हिए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह महर्षि वाल्मीकि और परम कृष्ण भक्त मीराबाई की जयंती का दिन भी है। उन्होंने कहा कि आज का दिन उत्तर प्रदेश के लिए विशेष महत्व रखता है। यह शरद पूर्णिमा का पावन पर्व है, जो महर्षि वाल्मीकि की जयंती और मीराबाई के जन्मदिन के साथ-साथ स्वर्गीय डी.पी. बोरा की जयंती के रूप में भी मनाया जा रहा है। मैं इस अवसर पर महर्षि वाल्मीकि और मीराबाई को नमन करता हूं और स्वर्गीय डी.पी. बोरा को प्रदेश सरकार और प्रदेशवासियों की ओर से विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।
*सीएम योगी ने किया मातृ शक्ति का सम्मान व सेवा शक्ति केंद्रों का उद्घाटन*
कार्यक्रम में सीएम योगी ने मिशन शक्ति 5.0 के तहत 15 सेवा शक्ति केंद्रों का उद्घाटन किया गया, जो महिलाओं को सिलाई प्रशिक्षण के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इन केंद्रों का संचालन डी.पी. बोरा स्मृति समिति के सहयोग से किया जा रहा है। सीएम योगी ने इन केंद्रों को नारी स्वावलंबन का प्रतीक बताते हुए कहा कि ये केंद्र महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

इसके साथ ही, समाज के विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाली मातृ शक्तियों को सम्मानित किया गया। इनमें पद्मश्री हिन्दी साहित्यकार प्रो. विद्या बिन्दु सिंह, शास्त्रीय संगीतज्ञ सुनीता झींगरन, शीला मिश्रा, शालू सिंह और डॉ. चंद्रावती जैसी विभूतियां शामिल रहीं। इन महिलाओं ने शिक्षा, साहित्य, संगीत, स्वास्थ्य और समाज सेवा के क्षेत्र में अपनी मेहनत और समर्पण से समाज को नई दिशा दी है। सीएम ने सम्मानित महिलाओं की प्रशंसा करते हुए कहा कि इन मातृ शक्तियों ने अपने कार्यों से समाज को प्रेरित किया है। इनका सम्मान हम सभी के लिए गर्व का विषय है।
*एक संघर्षशील नेता के साथ साथ समाज के वंचित, दलित और शोषित वर्गों की आवाज थे स्वर्गीय डी.पी. बोरा*
मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय डी.पी. बोरा को एक प्रेरणादायी व्यक्तित्व बताते हुए उनके योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि डी.पी. बोरा जी ने लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रसंघ अध्यक्ष के रूप में और बाद में विधायक के रूप में समाज के वंचित, दलित और शोषित वर्गों की आवाज को बुलंद किया। उस समय लखनऊ में गैंगवार और अराजकता का माहौल था, लेकिन डी.पी. बोरा जी ने अपने संघर्षों से न केवल गरीबों और व्यापारियों के हितों की रक्षा की, बल्कि समाज को एक नई दिशा भी प्रदान की। उनकी मूर्ति का अनावरण और सेवा शक्ति केंद्रों का शुभारंभ उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
कार्यक्रम में प्रख्यात कवि सर्वेश अस्थाना ने अपनी कविता के माध्यम से सामाजिक संवेदनाओं को जागृत किया। उनकी कविता में नारी गरिमा, सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के साथ-साथ दहेज जैसी कुप्रथाओं के खिलाफ जागरूकता का संदेश था। सीएम योगी ने उनकी लेखनी की प्रशंसा करते हुए कहा कि एक कवि की लेखनी समाज की विसंगतियों पर प्रहार करती है और उसे नई दिशा देती है। सर्वेश अस्थाना अपनी कविता के माध्यम से भगवान राम के चरित्र और सामाजिक मूल्यों को उजागर किया, जो समाज के लिए प्रेरणादायी है।
*रामायण एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि सामाजिक मूल्यों और पर्यावरण संरक्षण का भी प्रतीक है- सीएम योगी*
सीएम योगी ने महर्षि वाल्मीकि की रामायण को सामाजिक, धार्मिक और भौगोलिक दृष्टिकोण से अद्वितीय बताते हुए कहा कि यह केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि सामाजिक मूल्यों और पर्यावरण संरक्षण का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि रामायण में भगवान राम का चरित्र धर्म का मूर्त रूप है। महर्षि वाल्मीकि ने समाज को एक आदर्श चरित्र प्रदान किया, जो आज भी प्रासंगिक है। सीएम योगी ने श्री राम जन्मभूमि आंदोलन और अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण का उल्लेख करते हुए कहा कि यह केवल एक मंदिर का निर्माण नहीं, बल्कि रामराज्य की स्थापना की दिशा में एक कदम है। उन्होंने कहा कि  रामायण काल की वनस्पतियों और पर्यावरण को पुनर्जनन करने का कार्य भी चल रहा है। यह हमारी सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत को संरक्षित करने का प्रयास है। इसी तरह, मीराबाई की भक्ति और सामाजिक समरसता को याद करते हुए उन्होंने कहा कि मीराबाई ने अपने गुरु रविदास जी के सान्निध्य में कृष्ण भक्ति के माध्यम से समाज में आस्था और समरसता का संदेश दिया।
*मिशन शक्ति अभियान नारी सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण- सीएम*
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनथ ने मिशन शक्ति अभियान को प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना बताते हुए कहा कि यह अभियान महिलाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य, और आर्थिक स्वावलंबन के क्षेत्र में सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि मिशन शक्ति के तहत हम महिलाओं को न केवल आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बना रहे हैं, बल्कि उनकी सुरक्षा और सम्मान को भी सुनिश्चित कर रहे हैं। डी.पी. बोरा स्मृति समिति के माध्यम से संचालित सौ से अधिक सेवा शक्ति केंद्र इस दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।

यह खबर शेयर करें
s
satyakee parakh संपादक

सत्य की परख — लखनऊ से समाचार।

satyakee parakh की और खबरें →

टिप्पणियाँ

इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।

संबंधित खबरें

--:--
SIR को लेकर हजरतगंज में सपा का हल्ला बोलबाबा ने खरीदा खादी, 30 जनवरी 2027 तक 25 फीसदी छूटएक जनपद-एक उत्पाद’ योजना के जरिए बापू के स्वदेशी के भाव को आगे बढ़ा रहा उत्तर प्रदेश- सीएम योगीजनता दर्शन में सीएम योगी बोले- घबराइए मत, सबकी समस्या का होगा समाधानशैल गर्ल्स हॉस्टल की छात्राओं ने धूमधाम से किया गणेश प्रतिमा का विसर्जन250 बाइकों पर 500 सेवा यात्री वाराणसी से वडनगर के लिए रवानासीएम योगी ने सुनीं 200 लोगों की समस्याएं1 से 6 अगस्त तक निःशुल्क कार्यशाला